अष्टधातु की 250 साल पुरानी पार्श्वनाथ की मूर्ति सहित जैन मंदिर से 3 मूर्तियां चोरी - .

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Saturday, 21 September 2019

अष्टधातु की 250 साल पुरानी पार्श्वनाथ की मूर्ति सहित जैन मंदिर से 3 मूर्तियां चोरी

अष्टधातु की 250 साल पुरानी पार्श्वनाथ की मूर्ति सहित जैन मंदिर से 3 मूर्तियां चोरी

जैन मंदिर के ताले चटकाकर चोर 250 साल पुरानी अष्टधातू की पार्श्वनाथ की मूर्ति सहित तीन मूर्तिया, 2 किलो चांदी के बर्तन व दानपेटी से लगभग 50 हजार रुपए नगदी चोरी कर ले गए हैं। यह प्राचीन मूर्ति 1990 में सोनागिरी में जैन मुनि ने मंदिर के स्थापना करने वाले व्यवसायी को दी थी। वारदात मुरार गेरू वाला बंगला स्थित दिगम्बर जैन मंदिर में मंगलवार-बुधवार दरमियानी रात हुई है। वारदात का पता बुधवार सुबह 5 बजे उस समय लगा जब साफ-सफाई करने वाली महिला मंदिर पहुंची। घटना की सूचना मिलते ही जैन समाज के लोग मौके पर पहुंची। पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने जांच के बाद चोरी का मामला दर्ज किया है। रात 3 से 4 बजे के बीच मंदिर में मुंह पर कपड़ा बांधकर वारदात करते हुए एक युवक दिख रहा है।
उपनगर मुरार के गेरूवाला बंगला में श्री दिगम्बर जैन मंदिर हैं। इस मंदिर की स्थापना 1990 में व्यवसायी स्व. बाबूलाल जैन ने की थी। अब उसकी देखभाल उनके पुत्र ओमप्रकाश जैन कर रहे हैं। अभी पर्युषण पर्व चल रहे हैं। मंगलवार रात पूजा अर्चना के बाद साफ सफाई कर मंदिर में ताला लगा दिया गया। देर रात चोर ने जैन मंदिर पर धावा बोल दिया। सब्बल से मुख्य दरवाजे का लॉक तोड़कर चोर अंदर पहुंचा। इसके बाद दूसरी मंजिल पर पहुंचा और दरवाजे पर लगी जाली को सब्बल से तोड़कर उसी हॉल से अंदर प्रवेश किया। चोर मंदिर से 7 इंच की
अष्टधातु की पार्श्वनाथ की मूर्ति व्हाइट मैटल से बनी चन्द्रप्रभु व अनंतनाथ की मूर्तियां चोरी कर ले गया। इसके अलावा करीब 2 किलो चांदीके बर्तन, दानपेटी तोड़कर उसमें रखी लगभग 50 हजार रुपए से अधिक नगदी चोरी कर ले गया है। चोरी का पता बुधवार सुबह 5 बजे उस समय पता लगा जब मंदिर की साफ-सफाई के लिए पास ही रहने वाली भगवती कुशवाह पहुंची। उसने ताले टूटे देखे तो ओमप्रकाश जैन केा सूचना दी। कुछ ही देर में वहां समाज के लोग की भीड़ एकत्रित हो गई। पुलिस को सूचना दी। मुरार थाना पुलिस मौके पर पहुंची जांच के लिए फिंगर प्रिंट एक्सपर्ट को भी बुलाया गया। घटना स्थल की बारीकी से जांच करने के बाद चोरी का मामला दर्ज किया है।
रात 3 बजे से नकाबपोश चोर दिखा :-  मंदिर में जब जांच के लिए पुलिस की टीम पहुंची तो सीसीटीवी कैमरे का मुंह दीवार की ओर मिला। जिस पर पुलिस ने उसे सीधा किया और उसकी फुटेज निकाली तो रात 3 बजे एक युवक चेहरे पर कपड़ा बांधकर अंदर आता और दरवाजे की जाली तोड़कर उसी हॉल से आत हुआ दिखाई दे रहा है। पुलिस ने फुटेज ले लिए हैं। उसी आधार पर पड़ताल जारी है।
सोनागिरी मेले में जैन मुनि ने दी थी प्राचीन मूर्ति :- मंदिर के प्रबंधक ओमप्रकाश जैन ने बताया कि 1990 में उनके पिता स्व बाबूलाल जैन को सोनागिरी मेला में जैन मुनि ने यह प्राचीन मूर्ति अपने भंडार से निकालकर दी थी। पार्श्वनाथ की इस मूर्ति को पहले एक टीन शेड लगाकर स्थापित किय गया। उसके बाद यह भव्य मंदिर बन सका। मूर्ति अनमोल है और उसकी कोई कीमत नहीं आंक सकता है।
नोटबंदी पर खोली गई थी दानपेटी :- प्रबंधक ओमप्रकाश जैन ने बताया कि मंदिर की दानपेटी लगभग 3 साल से नहीं खोली गई थी। आखिरी बार पेटी को नोटबंदी नवंबर 2016 के बाद खोला गया था। जिससे पुराने नोट बदले जा सकें। इसके बाद से दानपेटी में लगभग 50 हजार रुपए से अधिक की राशि होगी।
लगातार जैन मंदिर निशाने पर :- पिछलेकुछ सालों में लगातार जैन मंदिर और उसमें रखीं अष्टधातू की मूर्तियां चोरों के निशाने पर रहती हैं। दानाओली जैन मंदिर व नई सड़क पर पहले भी चोरियां हो चुकी है।

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