आकाश विजयवर्गीय ने मांगी माफी, केंद्रीय संगठन को माफीनामा भेजेगी मध्‍य प्रदेश भाजपा - .

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Thursday, 18 July 2019

आकाश विजयवर्गीय ने मांगी माफी, केंद्रीय संगठन को माफीनामा भेजेगी मध्‍य प्रदेश भाजपा

आकाश विजयवर्गीय ने मांगी माफी, केंद्रीय संगठन को माफीनामा भेजेगी मध्‍य प्रदेश भाजपा

इंदौर के विधायक आकाश विजयवर्गीय को प्रदेश भाजपा द्वारा दिए गए नोटिस का विषय अब लगभग खत्म हो गया है। अपने जवाब में विजयवर्गीय ने घटना के लिए माफी मांग ली है, जिसे प्रदेश इकाई केंद्रीय नेतृत्व को भेजेगी। हफ्तेभर पहले विजयवर्गीय ने भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष राकेश सिंह से भोपाल में बंद कमरे में लगभग एक घंटे की बातचीत की थी। इसमें उन्होंने घटना के संबंध में सफाई पेश कर दी थी। मामला तब गरमाया था, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसदीय दल में इंदौर की घटना पर नाराजगी जताई थी। 

भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय के बेटे से जुड़ा मामला होने के कारण प्रदेश भाजपा के नेता अब भी इस मामले में बोलने से कतरा रहे हैं। गौरतलब है कि विधायक आकाश विजयवर्गीय द्वारा जर्जर मकान तोड़ने गए नगर निगम अधिकारी की सरेआम पिटाई की गई थी। घटना के बाद भाजपा द्वारा चार जुलाई को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया था। पार्टी ने आकाश को जवाब देने के लिए 15 दिन का समय दिया था।
पहले ही लिखी जा चुकी थी पटकथा :- कैलाश विजयवर्गीय के बेटे से जुड़ा मामला होने के कारण सारी पटकथा पहले ही लिख ली गई थी। इसी के तहत बल्लाकांड के बाद मचे कोहराम और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चेतावनी के बाद भाजपा ने कारण बताओ नोटिस तो जारी कर दिया पर किसी को कानोकान खबर नहीं लगने दी। सूत्रों का कहना है कि पार्टी नेताओं की लाइन पर ही गलती स्वीकार कर विजयवर्गीय द्वारा माफी मांग ली गई। अब मामले को प्रदेश संगठन केंद्रीय नेतृत्व को भेज रहा है। मोदी की नाराजगी के कारण हाईकमान की सहमति के बाद ही बल्लाकांड का पूरी तरह पटाक्षेप किया जाएगा।

संघ भी कार्रवाई के पक्ष में नहीं था :- भाजपा सूत्रों का कहना है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) भी इस पक्ष में नहीं है कि आकाश के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। इसकी वजह यह बताई गई है कि प्रदेश में सरकारी अमला जानबूझकर ऐसे हालात पैदा कर रहा है कि असहज स्थिति बने। इंदौर मामले में भी यही माना जा रहा है कि सरकारी अमले द्वारा जानबूझकर विधायक को उकसाया गया। दूसरी वजह प्रदेश में भाजपा के विधायकों की संख्या पहले ही 109 से घटकर 108 बची है। ऐसे हालात में विजयवर्गीय के खिलाफ कोई सख्त कार्रवाई के पक्ष में नहीं था।
विजयवर्गीय मौन :- भाजपा द्वारा जारी नोटिस पर बात करने के लिए विधायक आकाश विजयवर्गीय से बात करने का भरसक प्रयास किया गया, लेकिन वे उपलब्ध नहीं हुए। उनके पीए अभिषेक ने जवाब दिया कि वे मीटिंग में हैं।

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