पिछले साल से तीन हफ्ते पहले डेड स्टोरेज तक पहुंच जाएगा बड़े तालाब का जलस्तर - .

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Tuesday, 19 March 2019

पिछले साल से तीन हफ्ते पहले डेड स्टोरेज तक पहुंच जाएगा बड़े तालाब का जलस्तर

Bhopal News: पिछले साल से तीन हफ्ते पहले डेड स्टोरेज तक पहुंच जाएगा बड़े तालाब का जलस्तर

इस साल बड़े तालाब का जलस्तर कम होने के कारण नगर निगम ने पानी की कटौती शुरू कर दी है। तालाब से भेल टाउनशिप को दिया जाने वाले साढ़े पांच एमजीडी (मिलियन गैलन पर-डे) पानी की जगह सिर्फ साढ़े तीन एमजीडी पानी ही दिया जा रहा है। हाल ही में दो एमजीडी पानी की कटौती की गई है। इसी तरह रेलवे को दिए जाने वाले दो एमजीडी पानी में आधा एमजीडी की कटौती की गई है। रेलवे को सिर्फ डेढ़ एमजीडी ही पानी दिया जा रहा है। बता दें कि नगर निगम सामान्य दिनों में बड़े तालाब से 30 एमजीडी पानी रोजाना उठाता है। लेकिन इस साल वाटर लेवल कम होने के कारण पानी में कटौती की गई है। अब सिर्फ 19 एमजीडी ही पानी लिया जा रहा है। निगम अधिकारियों का अनुमान है कि इतनी कटौती से जून आखिर तक पानी सप्लाई तालाब से आसानी से हो सकेगी।

मई में डेड स्टोरेज लेवल तक पहुंच जाएगा तालाब का लेवल :- वर्तमान में तालाब का जल स्तर 1655.55 फीट है। जबकि तालाब का डेड स्टोरेज लेवल 1652 फीट तय है। यानी डेड स्टोरेज लेवल तक पहुंचने के लिए सिर्फ साढ़े तीन फीट पानी और बचा है। मई की शुरुआत में ही तालाब डेड स्टोरेज लेवल तक पहुंच जाएगा। इसके बाद तालाब से पानी उठाना मुश्किल होगा। डेड स्टोरेज लेवल के बाद गंदा पानी सप्लाई होने की समस्या भी होगी।

15 एमजीडी तक नहीं हो पाई कटौती :- बता दें कि तत्कालीन पीएस प्रमोद अग्रवाल ने निगम अधिकारियों को पानी की समीक्षा बैठक में निर्देश दिए थे कि तालाब से सिर्फ 15 एमजीडी पानी ही लिया जाए। जिन हिस्सों में तालाब का पानी सप्लाई होता है, वहां नर्मदा और कोलार के पानी से आपूर्ति की जाए। ताकि तालाब में जून आखिर तक पानी सप्लाई होता रहे। लेकिन इसके लिए निगम को अभी चार एमजीडी पानी की और कटौती करनी होगी।

पिछले साल एक फीट अधिक था पानी :- तालाब का फुट टैंक लेवल 1666.85 फीट है। पिछले साल तालाब का लेवल 1661.50 फीट के करीब था। 31 मई को तालाब का लेवल 1652 फीट यानी डेड स्टोरेज लेवल तक पहुंच गया था। इस साल तालाब 1660.50 फीट ही भर पाया था। ऐसे में मई के शुरुआत में ही तालाब डेड स्टोरेज लेवल तक पहुंच सकता है। गर्मियों में वाष्पीकरण व रोज पानी खींचने पर 0.05 फीट लेवल घटता जाता है।

तालाब पर निर्भर हैं ये इलाका :- दरअसल, बैरागढ़, कोहेफिजा, ईदगाह हिल्स क्षेत्र में अन्य नेटवर्क सिस्टम ही नहीं है, ऐसे में बड़े तालाब से ही इन क्षेत्रों में पानी सप्लाई किया जाता है। यहां हमेशा एक दिन छोड़कर पानी सप्लाई होता है। जबकि, अन्य क्षेत्रों में कोलार और नर्मदा का पानी दिया जा सकता है। इसलिए कटौती भी अन्य क्षेत्रों में की जा रही है।

नर्मदा से आपूर्ति करेंगे :- तालाब से जितना संभव था कटौती की गई है, जिन क्षेत्रों में पानी की कटौती होगी, वहां हम कोलार और नर्मदा से आपूर्ति करेंगे। प्रयास है कि गर्मियों में पर्याप्त पानी मिलता रहे।

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