छिंदवाड़ा : ढाबे में घुसा तेज रफ्तार ट्रक, 6 की मौत, मृतकों में 3 एक ही परिवार के - .

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Friday, 3 August 2018

छिंदवाड़ा : ढाबे में घुसा तेज रफ्तार ट्रक, 6 की मौत, मृतकों में 3 एक ही परिवार के

छिंदवाड़ा : ढाबे में घुसा तेज रफ्तार ट्रक, 6 की मौत, मृतकों में 3 एक ही परिवार के

जिला मुख्यालय से करीब 88 किमी दूर हर्रई के पास सलैया ग्राम में एक तेज रफ्तार ट्रक ढाबे में घुस गया। हादसे में 6 लोगों की मौत हो गई। जबकि पांच लोग घायल हो गए। मृतकों में 3 एक ही परिवार के हैं। दो गंभीर घायलों को नरसिंहपुर रेफर किया गया है। वहीं तीन का इलाज हर्रई में किया जा रहा है। हर्रई थाना प्रभारी चंद्रशेखर भगत ने बताया कि शुक्रवार दोपहर लगभग तीन बजे नरसिंहपुर से आ रहा चावल से भरा ट्रक एचआर-73 ए-9899 ढाबे में जा घुसा। जिससे वहां खाना खा रहे लोगों सहित ढाबा संचालक के परिजन भी चपेट में आ गए। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची।
सभी घायलों को हर्रई सामुदायिकस्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। जहां चिकित्सकों ने 6 को मृत घोषित कर दिया। मृतकों में ढाबा संचालक 45 वर्षीय शिवनंदन पिता सोनी डेहरिया, उसकी बेटी 12 वर्षीय करिश्मा एवं बेटा 15 वर्षीय राजा डेहरिया शामिल हैं। तीन अन्य मृतकों में बिहार के सीतामढ़ी जिले के तुरकोलिया निवासी कपड़ा व्यापारी 30 वर्षीय सुशील कुमार पुत्र चंद्रशेखर साहू, एक अन्य ट्रक के ड्रायवर 35 वर्षीय सज्जू खान पुत्र नवाब खान निवासी बानमोर जिला मुरैना, क्लीनर 35 वर्षीय निजाम खां पुत्र मुन्ना खां निवासी ग्वालियर शामिल हैं।
इनके अलावा ढाबे में खाना खाने रुके एक अन्य ट्रक आरजे 11-जीबी 0632 के चालक राजवीर गुर्जर पिता भगवान सिंह एवं उसके हेल्पर नरेश पिता रामनरेश गंभीर रूप से घायल थे। उन्हें नरसिंहपुर रेफर कर दिया। शेष 3 अन्य घायलों का उपचार हर्रई में ही किया जा रहा है। माना जा रहा है कि ढाबे के पास मोड़ होने के कारण तेज रफ्तार से आ रहे ट्रक पर चालक जगन ठाकुर नियंत्रण खो बैठा, जिससे यह हादसा हुआ।
घटना के बाद ट्रक चालक जगन ठाकुर और हेल्पर राधाकृष्ण फरार हो गए। पुलिस ने ट्रक जब्त कर थाने में खड़ा करवा दिया। ट्रक घुसने से पूरा ढाबा तहस-तहस हो गया। हादसे की खबर लगते ही यहां आसपास के ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। जिससे हाईवे पर यातायात जाम हो गया था। ढाबा संचालक के परिवार में अब केवल ढाबा संचालक की पत्नी और मां ही बची हैं। जो हादसे के समय ढाबे के पिछवाड़े काम कर रही थीं।

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