[Latest News][6]

गैलरी
देश
राजनीति
राज्य
विदेश
व्यापार
स्पोर्ट्स
स्वास्थ्य

टीम इंडिया को जीत के लिए चाहिए 87 रन


धर्मशाला: बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी पर कब्जे को लेकर भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच धर्मशाला में खेले जा रहे चार मैचों की सीरीज के अंतिम और निर्णायक मैच में टीम इंडिया ने अपनी पकड़ काफी मजबूत कर ली है. पहले दो दिन दोनों टीमों के बीच जोरदार संघर्ष देखने को मिला, लेकिन तीसरे दिन के खेल में टीम इंडिया पूरी तरह हावी नजर आई. ऐसा ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा के करिश्माई प्रदर्शन के कारण संभव हुआ. जडेजा ने 63 रन बनाने के बाद गेंद से भी धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए ऑस्ट्रेलिया को बैकफुट पर धकेल दिया. इसमें तेज गेंदबाज उमेश यादव और रविचंद्रन अश्विन का भी अहम योगदान रहा. दूसरी पारी में पूरी ऑस्ट्रेलियाई टीम 137 रन पर ही सिमट गई. रवींद्र जेडजा, आर अश्विन और उमेश यादव ने तीन-तीन विकेट, तो भुवनेश्वर ने एक विकेट लिया. टीम इंडिया को यह मैच जीतकर सीरीज पर कब्जा करने के लिए 106 रन की जरूरत है. दिन का खेल खत्म होने तक टीम इंडिया ने 19 रन बना लिए. मुरली विजय (6) और लोकेश राहुल (13) नाबाद रहे. भारत को अब 87 रनों की और जरूरत है.
ऑस्ट्रेलिया की दूसरी पारी में ग्लेन मैक्सवेल के अलावा कोई भी कंगारू बल्लेबाज टिक नहीं पाया. पहली पारी में भारत से 32 रन से पिछड़ने के बाद दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजी लड़खड़ा गई. ग्लेन मैक्सवेल ने सर्वाधिक 45 रन बनाए, जिसमें 6 चौके और एक छक्का जड़ा. मैथ्यू वेड 25 रन पर नाबाद रहे. अन्य कोई भी बल्लेबाज टिक कर नहीं खेल पाया. 6 बल्लेबाज तो दहाई अंक तक भी नहीं पहुंचे. उमेश यादव ने डेविड वॉर्नर को 6 रन पर कीपर साहा के हाथों कैच कराकर भारत को पहली सफलता दिलाई, फिर भुवनेश्वर कुमार ने पहली पारी के शतकवीर स्टीव स्मिथ को बोल्ड कर दिया. इसके बाद उमेश ने मैट रेनशॉ को पैवेलियन की राह दिखाकर ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजी को जोरदार झटका दिया. दिन के खेल में लंच से ठीक पहले ऑस्ट्रेलिया के पहली पारी के 300 रनों के जवाब में टीम इंडिया की पहली पारी 332 रनों पर सिमट गई. इस प्रकार टीम इंडिया को पहली पारी में 32 रनों की बढ़त मिली थी.

About Author saloni

i am proffesniol blogger

No comments:

Post a Comment

Start typing and press Enter to search