सीएम ने किया द्वितीय जल-महोत्सव का शुभारंभ - .

Breaking

Thursday, 15 December 2016

सीएम ने किया द्वितीय जल-महोत्सव का शुभारंभ

hanuwantiya
भोपाल: मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि हनुवंतिया क्षेत्र में जल पर्यटन के विकास के लिये एक व्यापक मास्टर प्लान और भी बनाया जाएगा जिसमें ओंकारेश्वर सहित धाराजी, सैलानी आदि को शामिल किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इसे मध्यद्वीप नाम दिया जाएगा। श्री चौहान ने कहा कि चार नोडल प्वाइंट को मिलाकर मास्टर प्लान बनेगा। हनुवंतिया में प्रस्तावित एक्वासिटी और जलाशय को जोड़कर विकास कार्य होगा और हनुवंतिया एडवेंचर टूरिज्म का अंतर्राष्ट्रीय केन्द्र बनेगा।
मुख्यमंत्री हनुवंतिया में द्वितीय जल-महोत्सव का शुभारंभ कर रहे थे। चौहान ने हनुवंतिया का जिक्र करते हुए कहा कि यह उनका स्वयं का क्रिएशन और ब्रेन चाइल्ड है। इससे उनका मोह जुड़ा है। शासन के पूरे प्रयास होंगे कि हनुवंतिया अंतर्राष्ट्रीय नक्शे पर आए। उन्होंने हाउसबोट का जिक्र करते हुए कहा कि मप्र में हाउस बोट चलने की परिकल्पना आज साकार रूप ले रही है। अब सैलानी यहाँ रात में भी पानी में सैर कर सकेंगे और रुक सकेंगे। यहाँ का शांत वातावरण हरेक व्यक्ति को सु:खद अनुभूति देता है। चौहान ने कहा कि दैनंदिन की व्यस्त दिनचर्या से समय निकालकर व्यक्ति को सुकून के कुछ पल यहाँ जरूर बिताना चाहिए। इसके लिये हनुवंतिया जैसे स्थान सबसे उपयुक्त है। चौहान ने लोगों से कहा कि यंत्रवत जीवन न जियें और अपनी दिनचर्या में से अपने परिवार के साथ भी पर्यटन का आनंद लें। उन्होंने मनुष्य जीवन में आनंद के महत्व का जिक्र करते हुए कहा कि आनंद की प्रतीति भीतर से उत्पन्न होती है। जीवन में उल्लास, उमंग और उत्साह का खास स्थान है। शासन के प्रयास हैं कि प्रदेश की जनता के जीवन में सुख और आनंद बढ़े। इसके लिये शासन ने आनंद विभाग का अलग से गठन भी किया है। उन्होंने लोगों का आहृवान किया कि खुद भी आनंद उठाएँ और दूसरों के जीवन में खुशियाँ लाएँ। हनुवंतिया का उल्लेख करते हुए श्री चौहान ने कहा कि यहाँ महिंद्रा हॉलिडे होम जैसी कंपनी हमारे साथ सहभागी के रूप में भूमिका निभाने जा रही है। हनुवंतिया के मास्टर प्लान से पूरा इलाका और यहाँ तक कि वन क्षेत्र भी पर्यटन की दृष्टि से विकसित होगा और लोगों को रोजगार मिलेगा। चौहान ने कहा कि पिछले एक साल में हनुवंतिया के विकास से आस-पास की जमीनों के भाव में इजाफा हुआ है। हमारा प्रयास हैं कि आमदनी बढ़े और रोजगार के नए-नए साधन उत्पन्न हों। इस दृष्टि से पर्यटन सर्वाधिक रोजगार वाला क्षेत्र है। चौहान ने कहा कि उन्होंने अपने सिंगापुर प्रवास के दौरान सेंटोसा में इसी तरह जल-पर्यटन का केन्द्र देखा था। तभी से उन्होंने एक सपना देखा था जो हनुवंतिया के जरिये पूरा हो रहा है। सेंटोसा से ज्यादा सौन्दर्य हनुवंतिया में बिखरा पड़ा है। लगभग 950 वर्ग किमी में इसका फैलाव है। उन्होंने कहा कि उनके सपने को साकार करने में मप्र पर्यटन की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। चौहान ने आहृवान किया कि हम सब मिलकर मप्र को पर्यटन के क्षेत्र में बुलंदियों तक पहुँचाएँ। पर्यटन एवं संस्कृति राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) सुरेन्द्र पटवा ने कहा कि हनुवंतिया के साथ अब गाँधी सागर, बाँण सागर, तवा आदि स्थानों पर भी जल-पर्यटन का विकास होगा। मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप प्रदेश में पर्यटन केबिनेट पृथक से बनाई गई तथा नई पर्यटन नीति निवेशकों के अनुकूल तैयार कर घोषित की गई है। प्रदेश में 300 मार्ग सुविधा केन्द्र बनाए जाएँगे जिनमें से 57 का निर्माण हो चुका है। पिछले साल प्रदेश में लगभग 8 करोड़ से अधिक पर्यटक पहुँचे। इसे देखते हुए पर्यटक सुविधाओं को बढ़ाया जा रहा है। पटवा ने कहा कि प्रदेश को विकास में नंबर एक बनाने के लिये सभी मिल-जुलकर मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में काम करेंगे।

No comments:

Post a Comment

Pages